राजधानी पटना में मेट्रो रेल परियोजना का काम काफी तेजी से चल रहा है। पटना के आईएसबीटी मेट्रो रेल डिपो पर जल्द ही काम प्रारंभ हो सकता है। बहुप्रतीक्षित पटना मेट्रो रेल प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण की कवायद शुरू हो गई है। बता दें कि टोटल 76 एकड़ जमीन अधिग्रहण किया जाना है।
पहले कोरिडोर के लिए दानापुर-मीठापुर-खेमनी चक और कॉरिडोर-टू में पटना रेलवे स्टेशन से नए आईएसबीटी के लिए डिपो बनाने का काम एसएच-1 पर संपतचक बैरिया चक के नजदीक करने का प्रस्ताव है। यह काम 2024 तक पूर्ण हो जाने की उम्मीद है। पहले ही साइट पर भूमि जांच जैसे प्रारंभिक काम जिला प्रशासन ने शुरू कर दिए हैं, जबकि पूरी जमीन अधिग्रहण करने के बाद राज्य सरकार सौंपेगी तब वास्तविक निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।
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बता दें कि नई सुविधा में ट्रेनों की मरम्मत, पार्किंग, टेस्ट ट्रैक, डिपो वर्कशॉप, ऑपरेशनल कंट्रोल रूम, स्टेबलिंग यार्ड, रखरखाव एवं बिजली उपलब्ध कराने हेतु एक सबस्टेशन जैसी तमाम महत्वपूर्ण सुविधाएं उपलब्ध होंगी। अधिकारी ने जानकारी दी कि इस डिपो को कुल 30.5 हेक्टेयर एरिया में बनाने की तैयारी है। यह मेट्रो प्रोजेक्ट की लाइफ लाइन है। मलाही पकरी से न्यू आईएसबीटी से प्रायोरिटी कॉरिडोर बन रहा है किंतु डिपो का निर्माण पूर्ण हो जाने के बाद भी मेट्रो ट्रेन का संचालन संभव है। पटना मेट्रो रेल परियोजना में टेक्निकल कंसल्टेंट है।
लेआउट योजना के मुताबिक, डिपो में आठ स्टैबलिंग बे, तीन इंस्पेक्शन बे और दो वर्कशॉप बे होंगे, जहां 32 तीन-कोच ट्रेनों व ऑटो-कोच साफ सफाई योजना को रखने का प्लान है। एडमिनिस्ट्रेटिव एरिया में ट्रेनिंग स्कूल, एक सभागार, परिचालन नियंत्रण केंद्र और कैंटीन शामिल होंगे। इसके अतिरिक्त, डिपो की विद्युत आपूर्ति की जरूरत को पूरा करने के लिए 2500 केवीए कैपिसिटी के एक एसिस्टेंट सब-स्टेशन निर्माण की योजना है।